सोमवार, 19 अक्टूबर 2026हिन्दी · English
INDIAN POTATO
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राजस्थान में ड्रिप से आलू की खेती: 48 इंच बेड पर संटाना (वीडियो)

25 बीघा का खेत, जिसमें एक भी खाल या डोल नहीं। राजस्थान के एक किसान दिखाते हैं कि संटाना ड्रिप पर कैसे लगाया है, और रेतीली ज़मीन में इससे पानी और मज़दूरी कैसे बचती है।

वीडियो में कहाँ क्या है

ड्रिप पर आलू लगाना है? पहले हमसे बात करें

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वीडियो में क्या बताया गया है

सत श्री अकाल जी। आज हम उस खेत में हैं जहाँ संटाना की बुवाई ड्रिप सिंचाई पर की गई थी। आप यहाँ देखेंगे कि 48 इंच के बेड हैं। एक बेड पर दो लाइन हैं और बीच में एक ड्रिप की लाइन डाली हुई है।

यह खेत एक मुरब्बे का है, यानी 25 बीघा। इसमें कोई खाल नहीं, कोई डोल नहीं; आलू पूरी तरह ड्रिप सिंचाई पर लगा है।

हमारे राजस्थान के लिए, जहाँ ज़मीन रेतीली है और पानी की कमी है, डिग्गी से या फव्वारे से, इस तरह खेती करके पानी बचाया जा सकता है। इसके दो फ़ायदे हैं: पानी की बचत होती है, और आप देखिए खुराक पौधों के पास कितनी जल्दी पहुँच रही है।

और जमाव देखिए: संटाना जैसी किस्म का इतना जमाव, पौधे से पौधे तक सब उगे हुए हैं। आगे पैदावार कितनी होती है और बाक़ी क्या होता है, वह हम आपके साथ साझा करते रहेंगे।

कुल मिलाकर हमारे राजस्थान इलाक़े के लिए यह बहुत अच्छी बात है। मज़दूरी का ख़र्च बहुत कम पड़ता है, खेती भी आसान है, और तकनीकी तौर पर आलू को जो खुराक चाहिए, वह ड्रिप से सही ढंग से पहुँचाई जा सकती है। इस किस्म की बाक़ी पैदावार की जानकारी हम बाद में साझा करेंगे।

इंडियन पोटैटो के यूट्यूब चैनल का खेत का वीडियो, राजस्थान के एक किसान के खेत से। किसान पंजाबी में बोल रहे हैं; ऊपर हिंदी में उनकी बात है। बेड की चौड़ाई, लाइनें और खेत का रकबा वीडियो में बताए अनुसार।

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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

वीडियो में ड्रिप पर आलू के लिए कितना चौड़ा बेड है?
48 इंच का बेड, हर बेड पर आलू की दो लाइन और दोनों लाइनों के बीच एक ड्रिप लाइन।
राजस्थान में आलू के लिए ड्रिप सिंचाई क्यों?
वीडियो में किसान तीन वजह बताते हैं: रेतीली ज़मीन और पानी की कमी, इसलिए ड्रिप से पानी बचता है; खुराक पौधे तक जल्दी पहुँचती है; और मज़दूरी का ख़र्च बहुत कम पड़ता है।
वीडियो में ड्रिप पर कौन-सी किस्म लगी है?
संटाना, फ्रेंच फ्राइज़ वाली किस्म।
क्या ड्रिप से खाद दी जा सकती है?
हाँ। किसान के अनुसार आलू को जो खुराक चाहिए वह ड्रिप से सही ढंग से पहुँचाई जा सकती है, और पौधे तक जल्दी पहुँचती है।
क्या ड्रिप सिंचाई पर सब्सिडी मिलती है?
हमारी ड्रिप सिंचाई गाइड के अनुसार PMKSY में सूक्ष्म सिंचाई पर छोटे और सीमांत किसानों को 55% तक सब्सिडी है। ताज़ा दर अपने राज्य के उद्यान या कृषि विभाग से पूछें।

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