शुक्रवार, 21 अगस्त 2026हिन्दी · English
INDIAN POTATO
बीज प्रणाली

एस्टेरिक्स आलू — पैदावार, बीज दर और भंडारण की पूरी जानकारी

एस्टेरिक्स लाल छिलके वाला आलू है। पैदावार औसत से ऊपर, ड्राई मैटर 23.3% — चिप्स और फ्राई कंपनियों की पसंद। बीज दर, खाद, दवा और भंडारण की पूरी जानकारी।

इंडियन पोटैटो डेस्क · 21 अगस्त 2026 · 7 मिनट
एस्टेरिक्स आलू किस्म — लाल छिलके वाला लंबा-अंडाकार आलू, पकने पर हल्का पीला गूदा
ENअंग्रेज़ी में भी उपलब्ध — पढ़ें

अगर आप कंपनी को देने लायक़ आलू उगाना चाहते हैं, तो एस्टेरिक्स देखने लायक़ किस्म है। छिलका लाल, आलू लंबा और बड़ा, और पकाने पर गूदा हल्का पीला। भारत में इसका बीज महिंद्रा HZPC देती है और अपनी सूची में इसे प्रोसेसिंग में रखती है — यानी चिप्स और फ्राई बनाने वालों के लिए।

यह किस्म HZPC कंपनी ने कार्डिनल और VE70-9 को मिलाकर बनाई है।

पैदावार कितनी और कब तैयार होगा

पैदावार औसत से ऊपर है — रेटिंग 109। एक पौधे पर 12 से 14 आलू लगते हैं और साइज़ बड़ा रहता है, रेटिंग 80। गिनती में आलू कम बनते हैं, पर हर आलू भारी होता है, इसलिए तौल अच्छी बैठती है।

किस्म देर से पकती है। ज़मीन से निकलती जल्दी है, रेटिंग 77, और बीज पहले से अंकुरा लें तो फ़सल और आगे बढ़ जाती है। मिट्टी कोई भी चलेगी। भारी ज़मीन हो तो जुताई अच्छी कर लीजिए।

कंपनी वाले यही देखते हैं
ड्राई मैटर 23.3%
स्टार्च 17.3% और स्पेसिफ़िक ग्रैविटी 1.094। चिप्स और फ्राई बनाने वाली कंपनी यही जाँचकर रेट तय करती है, और इसी नंबर की वजह से यह किस्म उनकी पसंद है।
क्यारेटिंग
पैदावार109 — औसत से ऊपर
आलू का साइज़80 — बड़ा
एक पौधे पर आलू12–14
पकने में समय54 — देर से
आलू की शक्ललंबा-अंडाकार
छिलके का रंगलाल
पकाने पर गूदाहल्का पीला
पकने परहल्का भुरभुरा
ज़मीन से निकलना77 — जल्दी
पत्ती-तने की बढ़त80 — बहुत घनी
ड्राई मैटर / स्टार्च23.3% / 17.3%
स्पेसिफ़िक ग्रैविटी1.094
बिना अंकुर कितने दिन49 — कम दिन
मेट्रीब्यूज़िन दवा का असर63 — जल्दी असर करती है
अंदरूनी चोट13 — जल्दी लगती है

हर लाइन में एक नंबर है और साथ में एक शब्द। नंबर HZPC का अपना है और शब्द बताता है कि खेत में उसका क्या मतलब निकलेगा। स्रोत: HZPC की एस्टेरिक्स किस्म शीट।

बीज कितना लगेगा

बीज काटकर लगा रहे हैं तो
36,000 पौधे
कटा हुआ 50/60 बीज साबुत से थोड़ा ज़्यादा लगाइए — 36,000 बनाम 33,000। कटे टुकड़े में आँखें कम होती हैं, इसलिए पौधे की गिनती पूरी करने के लिए बीज थोड़ा बढ़ा दीजिए।
बीज का साइज़ (मिमी)पौधे प्रति हेक्टेयरदूरी · 75 सेमी कतारदूरी · 90 सेमी कतार
28/3545,00030 सेमी25 सेमी
35/5035,00038 सेमी32 सेमी
50/6033,00040 सेमी33 सेमी
50/60 कटा हुआ36,00037 सेमी31 सेमी

खाद — यूरिया की बचत है इसमें

इस किस्म की एक अच्छी बात यह है कि यूरिया कम लगता है। पत्ती अपने आप घनी हो जाती है, रेटिंग 80 है। इसलिए यूरिया से धक्का देने की ज़रूरत नहीं पड़ती — उतना ही डालिए जितना चाहिए, और खाद का ख़र्च बचा लीजिए। ज़्यादा डालेंगे तो पत्ती बढ़ेगी और आलू पीछे रह जाएगा।

खाद का दो-तिहाई हिस्सा बुवाई के समय दीजिए और एक-तिहाई बाद में। कितना डालना है, यह अपनी मिट्टी की जाँच से तय कीजिए। गोबर की खाद नाप-तौल कर डालिए, क्योंकि वह देर से घुलती है।

पोटाश यहाँ दो बार दीजिए, और दोनों बार फ़ायदा अलग है।

बुवाई से पहले — अगर मिट्टी में पोटाश कम है तो KCl वाली खाद डालिए। इससे आलू चोट कम खाता है, यानी खुदाई के बाद माल अच्छा निकलता है।

आलू बनना शुरू होने पर — एक बार और पोटाश दीजिए। इससे ड्राई मैटर सही जगह पर रुका रहता है। अगर आपने कंपनी से ड्राई मैटर की शर्त पर सौदा किया है, तो यही डोज़ आपको शर्त के अंदर रखेगी।

घास मारने की दवा में एक बात का ध्यान रखिए। मेट्रीब्यूज़िन इस किस्म पर जल्दी असर करती है, इसलिए फ़सल निकलने से पहले डालिए। बाद में डालनी पड़े तो कम मात्रा में।

बीज किस्म, स्टोर और प्रोसेसिंग पर हम रोज़ काम करते हैं। मंडी भाव भी यहीं मिलते हैं।

आज का आलू भाव

दवा का कार्यक्रम — पहले से चलाइए

इस किस्म में पत्ती वाला झुलसा जल्दी लग जाता है, रेटिंग 41। आलू में लगने वाला झुलसा 68 पर है। इसलिए दवा का पूरा कार्यक्रम पहले से बनाइए और छिड़काव बीमारी दिखने से पहले शुरू कर दीजिए। समय पर छिड़काव चलता रहे तो फ़सल पूरी निकल आती है।

बीज अच्छी जगह से लीजिए, क्योंकि PVY की रेटिंग 55 है। अल्टरनेरिया 77 और स्प्रेइंग 73 पर हैं — इनसे परेशानी सबसे कम होगी।

बीमारीरेटिंग
Yntn (आलू में)88 — कम परेशानी
अल्टरनेरिया77 — नहीं लगती
स्प्रेइंग73 — नहीं लगती
आलू का झुलसा68 — थोड़ी लगती है
पाउडरी स्कैब59 — थोड़ी लगती है
कॉमन स्कैब56 — थोड़ी लगती है
PVY55 — लग जाती है
पत्ती का झुलसा41 — जल्दी लग जाती है

निमेटोड की बात अलग है। एस्टेरिक्स Ro1 से पूरी तरह बची रहती है, रेटिंग 9, और वार्ट के F1 से भी। Ro2/3 पर 3, Pa2 पर 2, Pa3 पर 1 और वार्ट F2 पर 2। तो जिस खेत में Ro1 की दिक़्क़त रही है, वहाँ यह किस्म आपके काम की है। (Ro2/3, Pa2, Pa3 और F2 के नंबर HZPC ने अपनी जाँच के बताए हैं।)

खुदाई — थोड़ा ध्यान, पूरा माल

फ़सल को अपने आप पक जाने दीजिए, फिर पत्ती-तना सुखाइए। छिलका पूरी तरह सख़्त हो जाए, तब खुदाई कीजिए। किस्म देर से पकती है, तो तारीख़ पहले से मत बाँधिए — फ़सल को उसका पूरा समय दीजिए, माल भी उतना ही अच्छा निकलेगा।

आलू बड़ा होता है, इसलिए खुदाई और ढुलाई में हाथ हल्का रखिए। मशीन धीरे चलाइए और आलू को ऊँचाई से मत गिरने दीजिए। यही ध्यान ग्रेडिंग और बोरी भरते समय भी रखिए। बुवाई से पहले जो KCl डाली थी, वह यहीं काम आती है — आलू चोट कम खाता है।

खुदाई के समय बस इतना
मशीन धीरे · गिराइए मत
आलू बड़ा है, तो झटका भी ज़्यादा लगता है। रफ़्तार कम और ऊँचाई कम — इतने भर से माल पूरा और साफ़ निकल आता है।

कोल्ड स्टोर में पूरा सीज़न

एस्टेरिक्स पूरे सीज़न स्टोर में रह जाता है। बस चार बातें ध्यान में रखिए, और आलू अच्छा निकलेगा।

बेचने की बात

महिंद्रा HZPC इसे प्रोसेसिंग श्रेणी में रखती है। तो अगर आप चिप्स या फ्राई वाली कंपनी के लिए उगा रहे हैं, बात 23.3% ड्राई मैटर और 1.094 स्पेसिफ़िक ग्रैविटी पर होगी — और यही इस किस्म की सबसे मज़बूत बात है।

एक बात और। ऊपर लिखी खेती की सलाह HZPC की आम सलाह है। किस्म का स्वभाव हर जगह वही रहेगा, पर बुवाई का समय, पानी और खाद अपने इलाक़े के हिसाब से तय कीजिए। बीज लेते समय यह बात बीज देने वाले से पूछ लीजिए, वे आपके ज़िले के हिसाब से बता देंगे।

आलू की खेती की पूरी जानकारी के लिए आलू की खेती कैसे करें पढ़िए, और देश भर के ताज़ा भाव के लिए आलू भाव देखिए।

आगे की बात
किस्म चुनने में मदद चाहिए?

आपकी मिट्टी, सीज़न और ख़रीदार के हिसाब से कौन सी किस्म बैठेगी — बीज कितना लगेगा, ड्राई मैटर कितना रहेगा और स्टोर में क्या करना पड़ेगा। जो पूछना हो, सीधे लिखिए।

साथी किसानों और व्यापारियों से जुड़ेंव्हाट्सऐप ग्रुप पर आलू भाव, मौसम और बाज़ार पर खुलकर चर्चा करें।
ग्रुप जॉइन करें →

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

एस्टेरिक्स आलू की पैदावार कैसी है?
औसत से ऊपर है। HZPC ने इसकी पैदावार की रेटिंग 109 दी है। एक पौधे पर 12 से 14 आलू लगते हैं और आलू का साइज़ बड़ा रहता है, रेटिंग 80। यानी गिनती में आलू कम बनते हैं पर हर आलू भारी होता है, इसलिए वज़न अच्छा बैठता है। किस्म देर से पकती है, तो फ़सल को पूरा समय देना पड़ता है।
एस्टेरिक्स आलू कैसा दिखता है और किस काम आता है?
छिलका लाल, आलू लंबा और बड़ा, और पकाने पर गूदा हल्का पीला निकलता है। पकाने पर यह हल्का भुरभुरा होता है, इसलिए तेल में तलने पर टुकड़ा टूटता नहीं। इसका ड्राई मैटर 23.3% और स्टार्च 17.3% है, इसीलिए चिप्स और फ्राई बनाने वाली कंपनियाँ इसे पसंद करती हैं।
एस्टेरिक्स का बीज कहाँ मिलेगा?
महिंद्रा HZPC भारत में यह किस्म देती है। उनकी सूची में यह विदेशी किस्मों में है और श्रेणी प्रोसेसिंग लिखी है। उसी सूची में कोलंबा, क्रिस्प4ऑल, एवोरा, इनोवेटर, लुसिंडा, मेम्फ़िस, पनामेरा और टॉरस भी हैं।
एक हेक्टेयर में एस्टेरिक्स का बीज कितना लगेगा?
यह बीज के साइज़ पर है। 28/35 मिमी बीज है तो 45,000 पौधे, 35/50 है तो 35,000, साबुत 50/60 है तो 33,000 और कटा हुआ 50/60 है तो 36,000 पौधे प्रति हेक्टेयर। 75 सेमी की कतार पर पौधे से पौधे की दूरी क्रमशः 30, 38, 40 और 37 सेमी रखिए। 90 सेमी की कतार पर 25, 32, 33 और 31 सेमी।
एस्टेरिक्स में खाद और दवा का क्या हिसाब है?
यूरिया कम लगता है, क्योंकि इस किस्म की पत्ती अपने आप घनी हो जाती है। खाद का दो-तिहाई बुवाई के समय और एक-तिहाई बाद में दीजिए, मात्रा मिट्टी की जाँच से तय कीजिए। पोटाश दो बार दीजिए — बुवाई से पहले KCl, और आलू बनना शुरू होने पर एक बार और। झुलसे की दवा का पूरा कार्यक्रम चलाइए और छिड़काव बीमारी दिखने से पहले कीजिए।
एस्टेरिक्स कितने दिन कोल्ड स्टोर में रह सकता है?
पूरा सीज़न रह जाता है। 6°C ठंडक रखिए और उसे स्थिर रखिए। हवा थोड़ी-थोड़ी देर पर चलाते रहिए। स्टोर में रखने से पहले आलू को सुखाकर छिलका सख़्त कर लीजिए। इस किस्म में अंकुर रोकने वाली दवा नहीं डालनी है, इससे छिलका जल जाता है — ठंडक से ही काम चल जाता है।
एस्टेरिक्सआलू किस्मबीज आलूप्रोसेसिंग आलूआलू भंडारणमहिंद्रा HZPC
लेखक के बारे में
इं
इंडियन पोटैटो डेस्क
डेस्क

भारत की आलू मूल्य शृंखला पर प्राथमिक-स्रोत आधारित रिपोर्टिंग — उत्पादन, भाव, भंडारण, प्रसंस्करण और व्यापार। यहाँ हर आँकड़ा किसी सरकारी, संस्थागत या सहकर्मी-समीक्षित स्रोत से जुड़ा होता है।

और पढ़ें

सभी बीज प्रणाली लेख →
खेत से उखाड़ा गया आलू का पौधा, जिसमें एक बीज आलू से बने कंदों का गुच्छा और जड़ें दिख रही हैंबीज प्रणालीएक बीज आलू से 1 किलो नहीं, खेत में 310 ग्राम मिलता है06 अगस्त 2026भारत की आलू क़िस्में — 1949 से 2020 तक की पूरी कुफरी गाइडबीज प्रणालीभारत की आलू क़िस्में: 1949 से 2020 तक की पूरी कुफरी गाइड31 जुलाई 2026Why Potato Farmers Need Market Intelligence Beyond Mandi PricesEN · Englishहमारी अंग्रेज़ी साइटWhy Potato Farmers Need Market Intelligence Beyond Mandi Pricesindianpotato.com →EN · Englishसाझेदार ज्ञानकोशRusset Burbank: The $4.6B Variety Behind McDonald's Friespotatopedia.com →